राम मंदिर को मिलेगा पहला CEO, चढ़ावे से लेकर 2500 कर्मचारियों तक संभालेंगे पूरी व्यवस्था*
अयोध्या श्रीरामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट पहली बार मंदिर के लिए मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) नियुक्त करने जा रहा है। इस पद पर नियुक्त अधिकारी को मंदिर के प्रशासन, वित्तीय प्रबंधन, श्रद्धालुओं की सुविधाओं और आधारभूत ढांचे के संचालन की व्यापक जिम्मेदारी सौंपी जाएगी। ट्रस्ट का उद्देश्य राम मंदिर के संचालन को अधिक पेशेवर, पारदर्शी और जवाबदेह बनाना है। सीईओ मंदिर में आने वाले दान और चढ़ावे के पारदर्शी प्रबंधन के लिए आधुनिक अकाउंटिंग सिस्टम लागू करेंगे। चार्टर्ड अकाउंटेंट और वित्तीय विशेषज्ञों की सहायता से पूरी वित्तीय व्यवस्था की निगरानी की जाएगी। इसके अलावा मंदिर परिसर में सुरक्षा, सफाई, दर्शन व्यवस्था और अन्य सेवाओं में तैनात करीब 2500 कर्मचारियों के कार्यों का समन्वय और प्रशासनिक प्रबंधन भी उनकी जिम्मेदारी होगी। सीईओ ट्रस्ट बोर्ड, अध्यक्ष, राज्य सरकार और स्थानीय प्रशासन के बीच समन्वय स्थापित करने के साथ-साथ ट्रस्ट के निर्णयों के प्रभावी क्रियान्वयन की भी निगरानी करेंगे। साथ ही रोजाना आने वाले लाखों श्रद्धालुओं और त्योहारों के दौरान उमड़ने वाली भीड़ के सुचारु प्रबंधन, सुरक्षा व्यवस्था, सीसीटीवी नेटवर्क, निर्माण कार्यों और अन्य आधारभूत सुविधाओं की देखरेख भी उनके दायित्व में शामिल होगी। ट्रस्ट की 22 जुलाई को प्रस्तावित बैठक में पहले सीईओ के नाम की घोषणा की जा सकती है। चयन के लिए तीन सदस्यीय समिति पहले ही गठित की जा चुकी है।






