युवा ही भारत का भाग्य विधाता, जातीय खेमों में बंटा भारत नहीं चाहते: सीएम योगी*
लखनऊ के राम मनोहर लोहिया राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालय में अखिल विश्व गायत्री परिवार के तत्वावधान में प्रांतीय शिक्षक गरिमा कार्यशाला आयोजित हुई। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ शामिल हुए। उन्होंने कहा कि गायत्री परिवार की प्रतियोगिता से 11 लाख से अधिक छात्र-छात्राएं जुड़े हैं। आज का युवा भारत का भाग्य विधाता बनने वाला है। हमें बिखरा और जातीय खेमों में बंटा भारत नहीं, बल्कि ‘एक भारत-श्रेष्ठ भारत’ चाहिए। सीएम योगी ने कहा कि पंडित श्रीराम शर्मा आचार्य ने भारतीय संस्कृति और सनातन मूल्यों को आगे बढ़ाते हुए गायत्री परिवार की स्थापना की। परिवार ने यज्ञों के माध्यम से सर्वसमाज को एक वेदी पर जोड़कर सामाजिक एकता का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि संगठन व्यक्ति के बजाय विचार के आधार पर आगे बढ़े तो लंबे समय तक प्रभावी रहता है। मुख्यमंत्री ने संयुक्त परिवार की परंपरा का उल्लेख करते हुए कहा कि पहले सीमित संसाधनों के बावजूद परिवार एकजुट रहकर संकट का सामना करते थे। आज परिवार छोटे हो गए हैं, इसलिए सामाजिक एकता और सामूहिक जिम्मेदारी की जरूरत बढ़ गई है। उन्होंने पर्यावरण संरक्षण पर कहा कि वर्ष 2017 से 2026 तक उत्तर प्रदेश में 275 करोड़ पौधे लगाए गए हैं। इस वर्ष भी 35 करोड़ पौधरोपण किया गया। सीएम ने नदियों को जीवन की धमनियां बताते हुए उन्हें अविरल और निर्मल बनाए रखने पर जोर दिया। कार्यक्रम में जलशक्ति मंत्री स्वतंत्र देव सिंह, विधान परिषद सदस्य डॉ. महेंद्र सिंह, विधायक राजेश्वर सिंह सहित गायत्री परिवार के स्वयंसेवक और प्रदेशभर से आए शिक्षक मौजूद रहे।






