*एमपी सरकार का सख्त आदेश: अवैध नियुक्तियां करने वाले अधिकारियों पर गिरेगी गाज*
भोपाल: मध्य प्रदेश शासन के सामान्य प्रशासन विभाग (GAD) ने राज्य में सरकारी नियुक्तियों को लेकर एक बेहद सख्त निर्देश जारी किया है। सरकार ने स्पष्ट किया है कि यदि कोई भी अधिकारी नियमों के विरुद्ध जाकर या बिना अधिकार के नई नियुक्तियां करता है, तो उसके खिलाफ कठोर अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।
अवैध नियुक्तियों पर ‘मेजर पेनल्टी’ की चेतावनी
अवर सचिव सुमन रायकवार द्वारा हस्ताक्षरित इस पत्र में कहा गया है कि वित्त विभाग द्वारा निर्धारित श्रेणियों के अलावा किसी भी अन्य श्रेणी में नवीन नियोजन (New Recruitment) पूरी तरह प्रतिबंधित है। यदि कोई अधिकारी अधिकारिता विहीन (बिना अनुमति के) किसी भी प्रकार की नियुक्ति करता पाया जाता है, तो उसके विरुद्ध ‘मध्य प्रदेश सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण तथा अपील) नियम, 1966’ के नियम-14 के तहत ‘मुख्य शास्ति’ (Major Penalty) अधिरोपित की जाएगी।
पदों के स्वरूप में भी बदलाव
आदेश में पूर्व के परिपत्रों का हवाला देते हुए बताया गया है कि राज्य शासन में कार्यरत कार्मिकों के पदों, स्थायी और अस्थायी पदों के अंतर को स्पष्ट किया गया है। इसके साथ ही कार्यभारित और आकस्मिकता स्थापना के तहत आने वाले स्थायी कर्मियों के सभी पदों को सांख्येतर घोषित करने के निर्देश भी दिए गए हैं।






