वर्षाकाल में जलजमाव को रोकने और ट्रैफिक व्यवस्था को सुगम बनाने के लिए कलेक्टर श्री शिवम वर्मा ने ली बैठक

*वर्षाकाल में जलजमाव को रोकने और ट्रैफिक व्यवस्था को सुगम बनाने के लिए कलेक्टर श्री शिवम वर्मा ने ली बैठक*

*किसी भी स्थिति में जलजमाव और ट्रैफिक जाम की स्थिति नहीं बने कलेक्टर श्री वर्मा ने दिए अधिकारियों को निर्देश*

*जलभराव वाले स्थानों से पम्प लगाकर की जाएगी जल निकासी*

*लापरवाही पाये जाने पर होगी सख्त कार्रवाई*
इंदौर, 02 जुलाई 2026
इंदौर में वर्षाकाल के दौरान जलजमाव और ट्रैफिक जाम की समस्याओं के त्वरित समाधान के लिए कलेक्टर श्री शिवम वर्मा ने आज व्यवस्थाओं से जुड़े विभागों के अधिकारियों की संयुक्त बैठक ली। उन्होंने वर्षा के दौरान जलजमाव और ट्रैफिक जाम की समस्याओं की विस्तार से समीक्षा की और अधिकारियों को निर्देश दिए कि ऐसी व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जाए जिससे किसी भी स्थिति में जलजमाव और ट्रैफिक जाम की स्थिति नहीं बने। लापरवाही पाये जाने पर संबंधित अधिकारियों के विरूद्ध सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने उक्त समस्याओं के समाधान के लिए संबंधित विभागों के अधिकारियों के संयुक्त दल बनाये जाने के निर्देश भी दिए। बैठक में नगर निगम आयुक्त श्री क्षितिज सिंघल, इंदौर विकास प्राधिकरण के मुख्य कार्यपालन अधिकारी डॉ. परीक्षित झाड़े, डीसीपी ट्रैफिक श्री राजेश त्रिपाठी, अपर कलेक्टर श्री रोशन राय सहित नगर निगम, यातायात पुलिस, एमपीआरडीसी, पीडब्ल्यूडी, एमपीईबी सहित अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
बैठक में कलेक्टर श्री वर्मा ने संबंधित विभागों को निर्देशित किया कि सभी नालों, चैनलों, तालाबों के आसपास तथा जलभराव वाले स्थलों की साफ-सफाई तत्काल की जाए ताकि जलभराव व ट्रैफिक जाम की स्थिति न बने । साथ ही स्टॉर्म वॉटर लाइन एवं ड्रेनेज सिस्टम की सफाई भी प्राथमिकता से की जाए, ताकि बारिश के दौरान जलभराव की स्थिति निर्मित न हो।
साथ ही कलेक्टर श्री वर्मा ने सड़क निर्माण एजेंसियों को निर्देश दिए कि आवश्यक पैचवर्क, डामरीकरण एवं सड़क मरम्मत कार्य पूर्ण कर लिए जाएं, ताकि बारिश के दौरान गड्ढों एवं जलभराव की समस्या उत्पन्न न हो। इन कार्यों की नियमित मॉनिटरिंग एवं फॉलोअप भी किया जाएगा। संबंधित विभागों के अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि बारिश के दौरान जलभराव की स्थिति पर लगातार नजर रखी जाए तथा जहां भी पानी भरने की समस्या हो, वहां तत्काल पंप लगाकर पानी की निकासी सुनिश्चित की जाए।
कलेक्टर श्री वर्मा ने कहा कि किसी भी स्थिति में जलभराव के कारण यातायात बाधित नहीं होना चाहिए और आमजन की सुगमता एवं सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है। कलेक्टर श्री वर्मा ने निर्देश दिए कि चिन्हित दुर्घटना संभावित (एक्सीडेंटल) एवं जलभराव वाले स्थानों पर आज शाम से लेकर कल तक आवश्यक सुधार कार्य पूर्ण कर लिए जाएं। उन्होंने स्पष्ट कहा कि संबंधित विभाग अपने दायित्वों का गंभीरता से निर्वहन करें। यदि लापरवाही पाई गई तो संबंधित अधिकारियों एवं एजेंसियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
बैठक में राहत स्थलों की समीक्षा भी की गई। निर्देश दिए गए कि आवश्यकता पड़ने पर राहत शिविर तत्काल प्रारंभ किए जा सकें, इसके लिए सभी आवश्यक व्यवस्थाएं पहले से सुनिश्चित की जाएं। इसके अलावा पिकनिक स्थलों पर विशेष निगरानी रखने, पुल-पुलियों पर संकेतक लगाने, बाढ़ की स्थिति में सुरक्षा प्रबंध सुनिश्चित की जाए।
जिले में संभावित अतिवृष्टि एवं बाढ़ की स्थिति को देखते हुए कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी श्री वर्मा ने संबंधित विभागों को पूरी सतर्कता एवं समन्वय के साथ कार्य करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने निर्देश दिए कि जिला आपदा नियंत्रण कक्ष का 24×7 संचालन सुनिश्चित करते हुए स्थिति की सतत निगरानी रखें। जिला आपदा प्रबंधन योजना एवं बाढ़ संबंधी आकस्मिक कार्ययोजना की समीक्षा कर आवश्यकतानुसार अद्यतन कार्यवाही सुनिश्चित करें। पुलिस, होमगार्ड, एसडीआरएफ, अग्निशमन एवं आपातकालीन सेवाओं, स्वास्थ्य विभाग तथा अन्य संबंधित विभागों को पूर्ण सतर्कता की स्थिति में रखा जाए। संवेदनशील एवं बाढ़ संभावित क्षेत्रों में आवश्यक बचाव उपकरण, नाव, राहत सामग्री, चिकित्सा दल एवं अन्य संसाधनों की अग्रिम उपलब्धता सुनिश्चित की जाए। नदी, बांध, जलाशय एवं नालों के जलस्तर की सतत निगरानी संबंधित विभागों के समन्वय से की जाए। मौसम संबंधी चेतावनियों एवं जन-सुरक्षा संदेशों का व्यापक प्रचार-प्रसार सोशल मीडिया, स्थानीय मीडिया, एसएमएस, सार्वजनिक उद्घोषणा प्रणाली एवं अन्य उपलब्ध माध्यमों से समय पर कराया जाए। आवश्यकतानुसार राहत शिविरों, सुरक्षित आश्रय स्थलों एवं संभावित निकासी (Evacuation) की तैयारियाँ पूर्ण रखें।

1072 views